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मई, 2017 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

अनुच्छेद

Indian Constitution Articles:- ☄☄☄☄☄ *अनुच्छेद 1* :- संघ का नाम और राज्य क्षेत्र *अनुच्छेद 2* :- नए राज्यों का प्रवेश या स्थापना *अनुच्छेद 3* :- राज्य का निर्माण तथा सीमाओं या नामों मे परिवर्तन *अनुच्छेद 4* :- पहली अनुसूची व चौथी अनुसूची के संशोधन तथा दो और तीन के अधीन बनाई गई विधियां *अनुच्छेद 5* :- संविधान के प्रारंभ पर नागरिकता *अनुच्छेद 6* :- भारत आने वाले व्यक्तियों को नागरिकता *अनुच्छेद 7* :-पाकिस्तान जाने वालों को नागरिकता *अनुच्छेद 8* :- भारत के बाहर रहने वाले व्यक्तियों का नागरिकता *अनुच्छेद 9* :- विदेशी राज्य की नागरिकता लेने पर नागरिकता का ना होना *अनुच्छेद 10* :- नागरिकता के अधिकारों का बना रहना *अनुच्छेद 11* :- संसद द्वारा नागरिकता के लिए कानून का विनियमन *अनुच्छेद 12* :- राज्य की परिभाषा *अनुच्छेद 13* :- मूल अधिकारों को असंगत या अल्पीकरण करने वाली विधियां *अनुच्छेद 14* :- विधि के समक्ष समानता *अनुच्छेद 15* :- धर्म जाति लिंग पर भेद का प्रतिशेध *अनुच्छेद 16* :- लोक नियोजन में अवसर की समानता *अनुच्छेद 17* :- अस्पृश्यता का अंत *अनुच्छेद 18...

सकारात्मक सोच

*आपकी सोच:-*   एक घने जंगल में एक *इच्छापूर्ति वृक्ष* था, उसके नीचे बैठ कर कोई भी *इच्छा* करने से वह *तुरंत पूरी* हो जाती थी।    यह बात बहुत कम लोग जानते थे..क्योंकि उस घने जंगल में जाने की कोई *हिम्मत ही नहीं* करता था।    एक बार संयोग से एक थका हुआ *व्यापारी* उस वृक्ष के नीचे आराम करने के लिए बैठ गया उसे पता ही नहीं चला कि कब उसकी नींद लग गई।    *जागते ही* उसे बहुत *भूख लगी* ,उसने आस पास देखकर सोचा- ' काश *कुछ खाने को मिल जाए !*' तत्काल स्वादिष्ट *पकवानों से भरी थाली* हवा में तैरती हुई उसके सामने आ गई।    व्यापारी ने *भरपेट खाना* खाया और भूख शांत होने के बाद सोचने लगा..???    *काश कुछ पीने को मिल जाए..*' तत्काल उसके सामने हवा में तैरते हुए अनेक *शरबत* आ गए।    *शरबत* पीने के बाद वह आराम से बैठ कर सोचने लगा-   ' *कहीं मैं सपना तो नहीं देख रहा हूँ।*    हवा में से खाना पानी प्रकट होते पहले कभी नहीं देखा न ही सुना..जरूर इस *पेड़ पर कोई भूत* रहता है जो मुझे खिला पिला कर बाद में *मुझे खा लेगा* ...

आदत बदले

आदत बदले ज्योतिष व शास्त्रो के अनुसार नौ आदते आपके जीवन में अवशय होनी चाईए – पढ़े और सभी को बताए १ अगर आपको कहीं पर भी थूकने की आदत है तो यह निश्चित है कि आपको यश, सम्मान अगर मुश्किल से मिल भी जाता है तो कभी टिकेगा ही नहीं . wash basin में ही यह काम कर आया करें ! यश,मान-सम्मान में अभिवृध्दि होगी। २ जिन लोगों को अपनी जूठी थाली या बर्तन वहीं उसी जगह पर छोड़ने की आदत होती है उनको सफलता कभी भी स्थायी रूप से नहीं मिलती.! बहुत मेहनत करनी पड़ती है और ऐसे लोग अच्छा नाम नहीं कमा पाते.! अगर आप अपने जूठे बर्तनों को उठाकर उनकी सही जगह पर रख आते हैं तो चन्द्रमा और शनि का आप सम्मान करते हैं ! इससे मानसिक शांति बढ़ कर अड़चनें दूर होती हैं। ३ जब भी हमारे घर पर कोई भी बाहर से आये, चाहे मेहमान हो या कोई काम करने वाला, उसे स्वच्छ पानी ज़रुर पिलाएं ! ऐसा करने से हम राहु का सम्मान करते हैं.! जो लोग बाहर से आने वाले लोगों को हमेशा स्वच्छ पानी  पिलाते हैं उनके घर में कभी भी राहु का दुष्प्रभाव नहीं पड़ता.! अचानक आ पड़ने वाले कष्ट-संकट नहीं आते। ४ घर के पौधे आपके अपने परिवार के सदस्यों जैसे ही होते हैं...

गुलामी का त्याग

गुलामी का त्याग कब तक और डरोगे,कितनी मार खाओगे,गेरों की। कान पे जाकर चार लगा दो,नींद खोल दो बहरों की। कब तक नीच रहोंगे,कितनी सेवा करोगे,गेरों की। थोडी हिम्मत जरा दिखाओ,धूल चटा दो पैरों की। न धन दौलत,नहीं जमीनें,करी गुलामी,गेरों की। अपने दम पर राज करो तुम,चमक उडा दो,चैहरों की। बहुत सहा,अब नहीं सहेगें,तोड दो हडडी,पैरों की। तुम भी तो बलबान बने हो,चीरो छाती गैरों,की। रोके से कोई रोक न पाये,परबाह करो,न पहरों,की। भीमराव,ज्योतिवा,पढलो,बात मान लो,वीरों की। शूद्र,अछूत,लिखा है,जिनमें,फाड दो बुक उन गेरों की। शिक्षा का अधिकार मिला है,करो पढाई,हीरों की। डर के जीना भी क्या जीना,खुल के सोचो जीने की। फेशन बाले कपडे पहनो,बटन खोल दो सीने की। फोकट रहकर समय न काटो,कोई बजह लो जीने की। घर में खुशिंयां तभी मिलेंगी,आदत छोड दो पीने की। कलमवीर तुम बन सकते हो,लिख दो बातें,तीरों सी। डरे-डरे से अब न रहना,बात करो तुम वीरों सी।

चूना अमृत है

सुबह को खाली पेट चूना खाओ       ■ " चूना अमृत है " ..■ 〰〰〰〰〰〰〰 चूना जो आप पान में खाते है वो सत्तर बीमारी ठीक कर देता है । जैसे किसी को पीलिया हो जाये माने जॉन्डिस उसकी सबसे अच्छी दवा है चूना ; गेहूँ के दाने के बराबर चूना गन्ने के रस में मिलाकर पिलाने से बहुत जल्दी पीलिया ठीक कर देता है । और ये ही चूना नपुंसकता की सबसे अच्छी दवा है - ■ अगर किसी के शुक्राणु नही बनता उसको अगर गन्ने के रस के साथ चूना पिलाया जाये तो साल डेढ़ साल में भरपूर शुक्राणु बनने लगेंगे; और जिन माताओं के शरीर में अन्डे नही बनते उनकी बहुत अच्छी दवा है ये चूना । ■ बिद्यार्थीओ के लिए चूना बहुत अच्छा है जो लम्बाई बढाता है - ■ गेहूँ के दाने के बराबर चूना रोज दही में मिला के खाना चाहिए, दही नही है तो दाल में मिला के खाओ, दाल नही है तो पानी में मिला के पियो - इससे लम्बाई बढने के साथ स्मरण शक्ति भी बहुत अच्छा होता है । ■ जिन बच्चों की बुद्धि कम काम करती है मतिमंद बच्चे उनकी सबसे अच्छी दवा है चूना ■ जो बच्चे बुद्धि से कम है, दिमाग देर में काम करते है, देर में सोचते है हर चीज उनकी स्लो ह...

एलोवेरा के लाभ

एलोवेरा जूस एलोवेरा के जूस से वजन कम करने के 15 बेहतरीन नुस्खे, एलोवेरा औषधीय गुणों का भंडार है। एलोवेरा में कई पोषक तत्‍व,विटामिन और मिनरल्‍स होते है जो हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी सिद्ध हुए है। एलोवेरा के जूस का मोटापे तथा वजन कम करने में बहुत उपयोगिता होती है | इसके आलावा एलोवेरा से जो जैल निकलता है वो हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होता है। ग्वारपाठा यानी एलोवेरा के प्रयोग से हम मोटापे जैसी परेशानी पर भी काबू पा सकते है। एलोवेरा में कई तरह के विटामिन, लवण, एंजाइम, कार्बोहाइड्रेट, अमीनो एसिड, सेलिसिलिक एसिड और दूसरे पोषक तत्व पाए जाते हैं बिगड़ी लाइफस्टाइल और व्यायाम के प्रति बरती गई लापरवाही से वजन बढ़ना अब आम समस्या हो गई है। आधुनिक जीवन शैली में मोटापा के साथ ही तोंद की समस्या भी आम हो गयी है। ऐसे में कैलोरी को बर्न करने वाले पेय पदार्थों का सेवन करना इसको ठीक करने के लिए बेहतर साबित होता है जैसे एलोवेरा का जूस (Aloe Vera Juice) तो आइए हम आपको बताते हैं कि एलोवेरा के जूस से किस तरह वजन नियंत्रित करने में आपकी सहायता करता है। एलोवेरा के जूस से वजन नियंत्रित करने तथा मोट...

मदर्श डे स्पेशल

 मदर्स डे पर ब्यंग  मदर्स डे वाला फीवर उतर गया हो तो हमहु कुछ बोले....... उ का है कि ई मदर्स डे जो है ऊ उन देशों के लिए ज्यादा सटीक त्योहार है जहाँ अठारह बीस का होते ही लौंडे लौंडिया अपना घर दुआर छोड़कर लिव इन रिलेशनशिप मे रहते हैं......  अउर साल में एक दिन अपनी महतारी को चॉकलेट अउर फूल लेकर मिलने जाते हैं....... महतारी भी उस दिन केक बनाकर अपने इस लायक पूत का इंतजार करती है...... लेकिन ई भारत देश जो कि अभी इण्डिया बनने से काफी दूर है, इहा अभी तीस तीस साल के लौंडे महतारी बाप की रोटी तोड़ते हैं...... और जो कभी दारु पीकर आते हैं तो बाप से बचने के लिए माँ के पीछे छिपते हैं...... अगर नौकरी लग जाये तो बच्चों के भविष्य के खातिर माँ को अपने पास बुला लेते हैं। परिवार छोड़कर अगर बाहर रहते हैं तो दिन में सात बार अपनी महतारी को बतलाते हैं कि क्या खाया - क्या पिया..... दिल्ली में दोस्तो के साथ दारु पी रहे हो और देवरिया से महतारी का फोन आ जाये तो सारा नशा उतर जाता है.....  प्रेमिका के साथ सिनेमा देख रहे हो और अगर माँ का फोन आ जाये तो भागकर एकांत में घुसकर ऐसे बतिय...

चरित्र

चारित्रीक दोष न दें स्त्री तब तक 'चरित्रहीन' नहीं हो सकती.... जब तक पुरुष चरित्रहीन न हो". ....  गौतम बुद्ध संन्यास लेने के बाद गौतमबुद्ध ने अनेक क्षेत्रों की यात्रा की... . एक बार वह एक गांव में गए।वहां एक स्त्री उनके पास आई और बोली आप तो कोई राजकुमार लगते हैं। ...क्या मैं जान सकती हूं कि इस युवावस्था में गेरुआ वस्त्र पहनने का क्या कारण है ? ... . बुद्ध ने विनम्रतापूर्वक उत्तर दिया कि..."तीन प्रश्नों" के हल ढूंढने के लिए उन्होंने संन्यास लिया..बुद्ध ने कहा.. हमारा यह शरीर जो युवा व आकर्षक है, पर जल्दी ही यह "वृद्ध" होगा, फिर"बीमार" व अंत में "मृत्यु" के मुंह में चला जाएगा। मुझे 'वृद्धावस्था', 'बीमारी' व 'मृत्यु' के कारण का ज्ञान प्राप्त करना है .....बुद्ध के विचारो से प्रभावित होकर उस स्त्री ने उन्हें भोजन के लिए आमंत्रित किया....शीघ्र ही यह बात पूरे गांव में फैल गई। गांव वासी बुद्ध के पास आए व आग्रह किया कि वे इस स्त्री के घर भोजन करने न जाएं....क्योंकि वह "चरित्रहीन" है.....बुद्ध ने गांव क...

चैलेन्ज

 चैलेन्ज को स्वीकार करे जापान में हमेशा से ही मछलियाँ खाने का  एक ज़रुरी हिस्सा रही हैं । और ये जितनी ताज़ी होतीं हैँ लोग उसे उतना ही पसंद करते हैं । लेकिन जापान के तटों के आस-पास इतनी मछलियाँ नहीं होतीं की उनसे लोगोँ की डिमांड पूरी की जा सके । नतीजतन  मछुआरों को दूर समुंद्र में जाकर मछलियाँ पकड़नी पड़ती हैं।जब इस तरह से मछलियाँ पकड़ने की शुरुआत हुई तो मछुआरों के सामने एक गंभीर समस्या सामने आई । वे जितनी दूर मछली पक़डने जाते उन्हें लौटने मे उतना ही अधिक समय लगता और मछलियाँ बाजार तक पहुँचते-पहुँचते बासी हो जाती, ओर फिर कोई उन्हें खरीदना नहीं चाहता । इस समस्या से निपटने के लिए मछुआरों ने अपनी बोट्स पर फ्रीज़र लगवा लिये । वे मछलियाँ पकड़ते और उन्हें फ्रीजर  में डाल देते । इस तरह से वे और भी देर तक मछलियाँ पकड़ सकते थे और उसे बाजार तक पहुंचा सकते थे । पर इसमें भी एक समस्या आ  गयी । जापानी फ्रोजेन फ़िश ओर फ्रेश फिश में आसनी से अंतर कर लेते और फ्रोजेन मछलियों को खरीदने से कतराते , उन्हें तो किसी भी कीमत पर ताज़ी मछलियाँ ही चाहिए होतीं । एक बार फिर मछ...

कम्पूटर के विषय में

 कम्प्यूटर ━━━━━━━━━━━━━━━━━━ * कम्प्यूटर एक इलेक्ट्रानिक मशीन है । इसका हिंदी नाम संगणक है ।* * आधुनिक कम्प्यूटर का पिता चार्ल्स बैवेज को कहते हैं ।* * कैलकुलेटर का आविष्कार पास्कल ने किया था ।* * भारत मे निर्मित पहला कम्प्यूटर सिद्धार्थ था ।* * सबसे बडा कम्प्यूटर नेटवर्क इंटरनेट है ।* * भारत का प्रथम कम्प्यूटर बैंगलूर के प्रधान डाक घर मे लगाया गया ।* * इंटरनेट का प्रथम प्रयोग अमेरिका के रक्षा अनुसंधान मे हुआ ।* * कम्प्यूटर मे प्रयुक्त होने वाला IC चिप्स सिलिकान का बना होता है ।* * भारत का सिलिकान वैली बैंगलोर को कहते हैं ।* * कम्प्यूटर का मस्तिष्क सी.पी.यू. को कहते हैं ।* * कम्प्यूटर अपने परिणाम को भविष्य हेतु मैमोरी मे सुरक्षित रखता है ।* * IC का पूर्ण रूप इंटरग्रेटेड सर्किट होता है ।* * IBM का पूर्ण रूप इंटरनेशनल बिजनेस मशीन है ।* * WWW का पूर्ण रूप वर्ल्ड वाईड वेव है ।* * LAN का पूर्ण रूप लोकल एरिया नेटवर्क है ।* * WAN का पूर्ण रूप वाइड एरिया नेटवर्क है ।* * RAM का पूर्ण रूप रैंडम एक्सिस मेमोरी है ।* * ROM का पूर्ण रूप रिड ओनली मेमोरी है ।* * CD का पूर्ण र...

किसने क्या खोजा

 खोज  1. भारत की खोज किसने की थी? उत्तर:-  वास्‍कोडिगामा ने 2. उत्तरी अमेरिका की खोज किसने की थी ? उत्तर:- 1492 ई. में कोलम्बस ने 3. इलेक्ट्रिक लाइट बल्ब का आविष्कार किसने किया था ?  उत्तर:-  थॉमस अल्वा एडिसन 4. केल्विन स्केल का आविष्कार किसने किया था?  उत्तर:-  लार्ड केल्विन विलियम थॉमसन 5. डायनामाइट की खोज किसने की थी? उत्तर:-  अल्फ्रेड बर्न्हार्ड नोबेल 6. लिक्विड पेपर का आविष्कार किसने किया था ? उत्तर:-  बेसी नेस्मिथ 7. शून्य की खोज किसने की? उत्तर:- आर्यभट्ट ने  8. थर्मामीटर की खोज किसने की थी? उत्तर:-  गैलीलियो गैलीली 9. बैरोमीटर की खोज किसने की थी? उत्तर:-  एवंजेलिस्टा टोर्रिसेल्ली 10. एयरप्लेन का आविष्कार किसने किया था? उत्तर:-  राइट ब्रदर्स, विलबुर राइट ओरविल्ले राइट 11. मैकेनिकल टेलीविज़न की खोज करने वाले व्यक्ति का नाम क्या था उत्तर:-  जॉन लॉजी बैयर्ड 12. बॉल पॉइंट पेन का आविष्कार किसने किया था? उत्तर:- लैज़लो और जॉर्ज बीरो 13. प्रोटोन की खोज किसने की थी? उत्तर:-  अर्नेस्ट रदरफोर्ड 14. इलेक्ट्रान की खोज...

गाड़ियों की पहचान

जानिये कौन सी गाड़ी उत्तर प्रदेश के किस शहर की है। एक बहुत महत्वपूर्ण मैसेज। उत्तर प्रदेश के शहरों के व्हीकल यूनिक नंबर:- → UP-11 : Saharanpur UP-12 : Muzaffarnagar UP-13 : Bulandshahr UP-14 : Ghaziabad UP-15 : Meerut UP-16 : NOIDA / Gautam Buddha Nagar UP-17 : Baghpat UP-18 : Prabudh Nagar UP-20 : Bijnor UP-21 : Moradabad UP-22 : Rampur UP-23 : Jyotiba Phule Nagar UP-24 : Badaun UP-25 : Bareilly UP-26 : Pilibhit UP-27 : Shahjahanpur UP-28 : Ayodhya UP-29 : to be alloted UP-30 : Hardoi UP-31 : Kheri UP-32 : Lucknow UP-33 : Raebareli UP-34 : Sitapur UP-35 : Unnao UP-36 : Amethi UP-37 : Hapur UP-40 : Bahraich UP-41 : Barabanki UP-42 : Faizabad UP-43 : Gonda UP-44 : Sultanpur UP-45 : Ambedkar Nagar UP-46 : Shrawasti UP-47 : Balrampur UP-50 : Azamgarh UP-51 : Basti UP-52 : Deoria UP-53 : Gorakhpur UP-54 : Mau UP-55 : Siddharth Nagar UP-56 : Mahrajganj UP-57 : Padrauna UP-58 : Sant Kabir Nagar UP-59 : to be alloted UP-60 : Ballia UP-61 : Ghazipur UP-62 : Jaunpur UP-63 : Mirzapur UP-64 : So...

जीवन की कला

आत्म निर्भरता 👉 1) जीत और हार आपकी सोच पर ही निर्भर है। मान लो तो हार होगी और ठान लो तो जीत होगी। 👉 2) दुनिया की सबसे सस्ती चीज है सलाह, एक से मांगो हजारो से मिलती है। सहयोग हजारों से मांगो एक से मिलता है। 👉 3) मैने धन से कहा कि तुम एक कागज के टुकड़े हो। धन मुस्कराया और बोला बिल्कुल मैं एक कागज का टुकड़ा हूँ, लेकिन मैने आज तक जिंदगी में कूड़ेदान का मुंह नहीं देखा। 👉 4) आंधियों ने लाख बढ़ाया हौसला धूल का, दो बूंद बारिश ने औकात बता दी। 👉 5) जब एक रोटी के चार टुकड़े हों और खाने वाले पांच हों, तब मुझे भूख नहीं है, ऐसा कहने वाला कौन है.? सिर्फ "माँ"। 👉 6) जब लोग आपकी नकल करने लगें तो समझ लेना चाहिए कि आप जीवन में सफल हो रहे हैं। 👉 7) मत फेंक पत्थर पानी में, उसे भी कोई पीता है। मत रहो यूं उदास जिन्दगी में, तुम्हें देखकर भी कोई जीता है। 👉 8)प्रसन्नता आपके जीवन को सफल बनती है, मायूसी आपके जीवन को पीछे ढकेलती है ,   सदैव खुश रहने का प्रयास करें। 👉 9)दुसरो की गलतियों से सीखने का प्रयास करे, खुद में सीखने के लिए जिंदगी कम पड जाएगी। 👉 10)छोटा काम ही बड़े काम...

परख

परख की कला एक जौहरी के निधन के बाद उसका परिवार संकट में पड़ गया। खाने के भी लाले पड़ गए। एक दिन उसकी पत्नी ने अपने बेटे को नीलम का एक हार देकर कहा- 'बेटा, इसे अपने चाचा की दुकान पर ले जाओ। कहना इसे बेचकर कुछ रुपये दे दें। 💃बेटा वह हार लेकर चाचा जी के पास गया। 👳चाचा ने हार को अच्छी तरह से देख परखकर कहा- बेटा, मां से कहना कि अभी बाजार बहुत मंदा है। थोड़ा रुककर बेचना, अच्छे दाम मिलेंगे। उसे थोड़े से रुपये देकर कहा कि तुम कल से दुकान पर आकर बैठना। अगले दिन से वह लड़का रोज दुकान पर जाने लगा और वहां हीरों रत्नो की परख का काम सीखने लगा। एक दिन वह बड़ा पारखी बन गया। लोग दूर-दूर से अपने हीरे की परख कराने आने लगे। एक दिन उसके चाचा ने कहा, बेटा अपनी मां से वह हार लेकर आना और कहना कि अब बाजार बहुत तेज है,उसके अच्छे दाम मिल जाएंगे। मां से हार लेकर उसने परखा तो पाया कि वह तो नकली है। वह उसे घर पर ही छोड़ कर दुकान लौट आया। 👳चाचा ने पूछा, हार नहीं लाए? उसने कहा, वह तो नकली था।😊 तब 👳चाचा ने कहा- जब तुम पहली बार हार लेकर आये थे, तब मैं उसे नकली बता देता तो तुम सोच...

कालेज का पहला दिन

 स्कूल के बाद कालेज का पहला दिन  जब अठवां दर्जा पास केहेन, औ पहुँचेन इंटरकालेज मा । तौ पैजामा छूटि गवा , पतलून आय गै नालेज मा।। पैन्ट शर्ट हम पहिनि लेहेन,  औ बारन मा कंघी मारा । मूडे मा साफा बाँधि लीन, हैंडिल मा टाँगि लेहेन झ्वारा।। चलतै अम्मा टोंकि दिहिन,  छूँछै कहाँ जाव नाना । दिन भरि भूँखे मरि जइहौ ,लिहे जाव थ्वारा खाना।। अब टिफिन सिफिन तौ रहा नही , खाना कैसे लै जाई। चारि परेठा औ अचार,, बाँधि रुमालै मा लांई।। फिर नोट पाँच कै दिहिन आय, सूखै न बेटवा खाय लेहेव। लियौ रुपैय्या धरे रहौ ,कुछ चाट साट लगुवाय लेहेव।। खैर चलेन हम घर ते फिर, घंटा भर सइकिल दौरावा । जब हम थकि कै चूर भयेन, तब जाय कहूँ कालेज आवा।। पहिलेन दिन कुछ देर होइ गई, पहिला घंटा छूटि गवा । मोट बेहैय्या कै लगदा ,हमरे हाथे पै टूटि गवा।। खैर गएन फिर कक्षा मा हम, फिर बैठै कै जघा बनावा। आगे तौ खाली रही नही  पाछे बैठै का पावा ।। अब शुरू गणित कै क्लास भई, समझि कुछू न हम पाई। खाना कै खुशबू सूँघि सूँघि, सोंचित इहिका कब खाई।। एतने मा जाने का भवा ,टीचर हमका किहिन खडा । आधे औ चौथाई मा , चलौ ब...

जिंदगी के लिए

  जिंदगी में आत्मसात करें   👉 1) जो आपसे दिल से बात करता है उसे कभी दिमाग से जवाब मत देना। 👉 2) एक साल मे 50 मित्र बनाना आम बात है। 50 साल तक एक मित्र से मित्रता निभाना खास बात है। 👉 3) एक वक्त था जब हम सोचते थे कि हमारा भी वक्त आएगा और एक ये वक्त है कि हम सोचते हैं कि वो भी क्या वक्त था। 👉 4) एक मिनट मे जिन्दगी नहीं बदलती पर एक मिनट सोच कर लिखा फैसला पूरी जिन्दगी बदल देता है। 👉 5) आप जीवन में कितने भी ऊॅचे क्यों न उठ जाएं, पर अपनी गरीबी और कठिनाई को कभी मत भूलिए। 👉 6) वाणी में भी अजीब शक्ति होती है। कड़वा बोलने वाले का शहद भी नहीं बिकता और मीठा बोलने वाले की मिर्ची भी बिक जाती है। 👉 7) जीवन में सबसे बड़ी खुशी उस काम को करने में है जिसे लोग कहते हैं कि तुम नही कर सकते हो। 👉 8) इंसान एक दुकान है और जुबान उसका ताला। ताला खुलता है, तभी मालूम होता है कि दुकान सोने की है या कोयले की। 👉 9) कामयाब होने के लिए जिन्दगी में कुछ ऐसा काम करो कि लोग आपका नाम Face book पे नही Google पे सर्च करें। 👉 10) दुनिया विरोध करे तुम डरो मत, क्योंकि जिस पेङ पर फल लग...

जिन्दगी के विषय

 जिन्दगी  के विषय में गर्व  न  करें मैसेज अच्छा है पड़ना जरूर छोटा सा जीवन है, लगभग 80 वर्ष। उसमें से आधा =40 वर्ष तो रात को बीत जाता है। उसका आधा=20 वर्ष बचपन और बुढ़ापे मे बीत जाता है। बचा 20 वर्ष। उसमें भी कभी योग, कभी वियोग, कभी पढ़ाई, कभी परीक्षा, नौकरी, व्यापार और अनेक चिन्ताएँ व्यक्ति को घेरे रखती हैँ। अब बचा ही कितना ? 8-10 वर्ष। उसमें भी हम शान्ति से नहीं जी सकते ? यदि हम थोड़ी सी सम्पत्ति के लिए झगड़ा करें, और फिर भी सारी सम्पत्ति यहीं छोड़ जाएँ, तो इतना मूल्यवान मनुष्य जीवन प्राप्त करने का क्या लाभ हुआ? स्वयं विचार कीजिये :- इतना कुछ होते हुए भी, 1- शब्दकोश में असंख्य शब्द होते हुए भी... 👍मौन होना सब से बेहतर है। 2- दुनिया में हजारों रंग होते हुए भी... 👍सफेद रंग सब से बेहतर है। 3- खाने के लिए दुनिया भर की चीजें होते हुए भी... 👍उपवास शरीर के लिए सबसे बेहतर है। 4- देखने के लिए इतना कुछ होते हुए भी... 👍बंद आँखों से भीतर देखना सबसे बेहतर है। 5- सलाह देने वाले लोगों के होते हुए भी... 👍अपनी आत्मा की आवाज स...

FULL FORM

 FULL FORM OF THE SOME WORD  1. PAN - permanent account number. 2. PDF - portable document format. 3. SIM - Subscriber Identity Module. 4. ATM - Automated Teller machine. 5. IFSC - Indian Financial System Code. 6. FSSAI(Fssai) - Food Safety & Standards Authority of India. 7. Wi-Fi - Wireless fidelity. 8. GOOGLE - Global Organization Of Oriented Group Language Of Earth. 9. YAHOO - Yet Another Hierarchical Officious Oracle. 10. WINDOW - Wide Interactive Network Development for Office work Solution.

अम्बेडकर के विषय में 150 तथ्य

 बाबा साहब अम्बेडकर के विषय में प्रश्नोत्तरी ============== प्र.1- विश्व का सबसे वैज्ञानिक तथा प्रामाणिक धर्म कौनसा है  ? उ.- बौद्ध धर्म प्र.2- बौद्ध धर्म की शुरुआत किसने की  ? उ.- तथागत बुद्ध ने प्र.3- तथागत बुद्ध के माता-पिता का नाम क्या था  ? उ.- महामाया और शुद्धोधन प्र.4- तथागत बुद्ध के बचपन का नाम क्या था  ? उ.- सिद्धार्थ प्र.5. सिद्धार्थ किस राज्य के राजकुमार थे  ? उ.- कपिलवस्तु प्र.6. सिद्धार्थ किस वंश से संबंधित थे  ? उ.- शाक्य वंश प्र.7- तथागत बुद्ध का जन्म कब हुआ था  ? उ.- 563 ई.पू. प्र.8- राजकुमार सिद्धार्थ का विवाह किससे हुआ  ? उ.-यशोधरा से प्र.9- सिद्धार्थ-यशोधरा के पुत्र का नाम क्या था  ? उ.- राहुल प्र.10- सिद्धार्थ द्वारा गृहत्याग का मूल कारण क्या था  ? उ.- शाक्य-कोलिय वंश के बीच युद्ध को टालना

कर्म भोग

चित्र
कर्म भोग एक गाँव मे एक किसान रहता था । उसके परिवार में उसकी पत्नी और एक लड़का था। कुछ सालों के बाद पत्नी की मृत्यु हो गई । उस समय लड़के की उम्र दस साल थी । किसान ने दूसरी शादी कर ली। उस दूसरी पत्नी से भी किसान को एक पुत्र प्राप्त हुआ। किसान की दूसरी पत्नी की भी कुछ समय बाद मृत्यु हो गई। किसान का बड़ा बेटा जो पहली पत्नी से प्राप्त हुआ था जब शादी के योग्य हुआ तब किसान ने बड़े बेटे की शादी कर दी। फिर किसान की भी कुछ समय बाद मृत्यु हो गई। किसान का छोटा बेटा जो दूसरी पत्नी से प्राप्त हुआ था और पहली पत्नी से प्राप्त बड़ा बेटा दोनो साथ साथ रहते थे। कुछ समय बाद किसान के छोटे लड़के की तबीयत खराब रहने लगी। बड़े भाई ने कुछ आस पास के वैद्यों से ईलाज करवाया पर कोई राहत ना मिली।छोटे भाई की तबीयत दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही थी और बहुत खर्च भी हो रहा था। एक दिन बड़े भाई ने अपनी पत्नी से सलाह किया कि यदि ये छोटा भाई मर जाए तो हमें इसके ईलाज के लिऐ पैसा भी खर्च नहीं करना पड़ेगा। तब उसकी पत्नी ने कहा कि क्यों न किसी वैद्य से बात करके इसे जहर दे दिया जाए । किसी को पता भी नहीं चलेगा और रिश्तेदारी में ...